रविवार, 6 मार्च 2011

"व्यथित मन"

कोशिश की, 
 
सब को,
अपना बना लूँ,
नाकामयाब रहा |
दूसरी कोशिश, 
सबका हो जाऊं, 
नाकामयाब ही रहा |
कसूर मेरा ही होगा शायद, 
सबको अपना और,
सबका खुद को,
बनाने की चाहत में,
हर किसी पे,
न्योछावर होता गया |
चाहा था बस
सभी की पलकों में,
अपनी झलक,
या होती  मेरी पलकों में,
उन सभी की झलक,
बस दो पल भर को |
पर मिला मौन,
दो पलों  का,
सभी से |
और मै,
जीते जी,
मरता गया|

19 टिप्‍पणियां:

  1. सबको खुश रखकर खुद भी खुश रहना ....मुश्किल है....

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  2. बहुत गहरी पीड़ा होती है सरलमना होकर भी दुनिया में खप न पाना। आप जैसे हैं, बने रहें, समय आयेगा तब लोगों को अपने आँसू टपकाने के लिये आपके कंधों की आवश्यकता होगी। बहुत स्पष्ट कविता।

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  3. बहुत सुंदर जज़्बात. सुंदर सन्देश देती बढ़िया प्रस्तुती

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  4. चाहा था बनूं प्यार की राहों का देवता...

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  5. सबको अपना और,
    सबका खुद को,
    बनाने की चाहत में,
    हर किसी पे,
    न्योछावर होता गया |
    aur badnaam hota gaya ... shayad kasoor yahi raha

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  6. सबको अपना और,
    सबका खुद को,
    बनाने की चाहत में,
    हर किसी पे,
    न्योछावर होता गया |
    यह इस जालिम दुनिया का सबसे बड़ा कसूर है अच्छी अभिव्यक्ति

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  7. आपकी रचनात्मक ,खूबसूरत और भावमयी
    प्रस्तुति भी कल के चर्चा मंच का आकर्षण बनी है
    कल (7-3-2011) के चर्चा मंच पर अपनी पोस्ट
    देखियेगा और अपने विचारों से चर्चामंच पर आकर
    अवगत कराइयेगा और हमारा हौसला बढाइयेगा।

    http://charchamanch.blogspot.com/

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  8. सब को सब समय अपना बनाना कठिन है बंधु :)

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  9. सबको तो भगवान भी खुश नहीं रख पाता ...बहुत अच्छी प्रस्तुति

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  10. सबको खुश रखना तो कठिन ही नहीं असंभव है ...
    जितना बन पड़े करना और वह करना जिसमे हमें भी ख़ुशी मिले , बस वही ठीक है !
    अच्छी रचना!

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  11. कोशिश की,

    सब को,
    अपना बना लूँ,
    नाकामयाब रहा |
    दूसरी कोशिश,
    सबका हो जाऊं,
    नाकामयाब ही रहा |
    कसूर मेरा ही होगा शायद, .....

    बहुत सुन्दर एवं मर्मस्पर्शी रचना !
    शुभकामनायें एवं साधुवाद !

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  12. सच है सभी को खुश रख पाना आसान नहीं होता ... पर दिल तो चाहता ही है ...
    अच्छी संवेदनशील रचना ...

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  13. सबको खुश रखते हुए खुद भी खुश रहना आजकल बहुत मुश्किल है..बहुत भावपूर्ण सुन्दर रचना..

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  14. दुनिया बहुत ज़ालिम है जनाब दिल तोद के हस्ती है.

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