"शब्द भीतर रहते हैं तो सालते रहते हैं, मुक्त होते हैं तो साहित्य बनते हैं"। मन की बाते लिखना पुराना स्वेटर उधेड़ना जैसा है,उधेड़ना तो अच्छा भी लगता है और आसान भी, पर उधेड़े हुए मन को दुबारा बुनना बहुत मुश्किल शायद...।
गुरुवार, 23 मार्च 2017
सोमवार, 29 अगस्त 2016
शनिवार, 11 जून 2016
रविवार, 10 अप्रैल 2016
गुरुवार, 7 अप्रैल 2016
रविवार, 3 अप्रैल 2016